धार्मिक प्रतीकों को आगे रख के सरकारी भूमि पर अवैध कब्जों को समर्थन नहीं: पुष्कर सिंह धामी, बहुचर्चित टीवी शो “आप की अदालत’ में पहुंचे मुख्यमंत्री



देहरादून दिल्ली 18 फरवरी उत्तराखंड मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने टीवी शो में बहु चर्चित आप की अदालत’ Show में कहा कि दूसरी बार MLA बनने और BJP की सरकार आने पर उनको हर बार उम्मीद रहती थी कि वह मंत्री या MP बनेंगे.सीधे CM बनाया गया तो इसका आभास तक नहीं था।

उन्होंने कहा कि CM बनने के बाद जब मैं पहली बार PM नरेंद्र मोदी से मिला तो उनसे नजरें तक नहीं मिला पा रहा था.उन्होंने ऐसा सहज किया कि फिर मैं बोलता ही चला गया.उन्होंने साफ़ किया कि UCC (समान नागरिक संहिता) किसी धर्म विशेष के खिलाफ नहीं है लेकिन हलाला-इद्दत-तलाक-बहु पत्नी व्यवस्था-कुरीतियों को इसमें ख़त्म किया गया है.किसी भी धर्म के लोगों को उत्तराखंड में भय-आशंका से रहने की जरूरत नहीं है.ये भी कहा कि वही नहीं बल्कि हर काम करने वाला मोदी जी का करीबी हैं.PSD ने इस आरोप को ठुकराया कि उत्तराखंड हिंदुत्व की प्रयोगशाला बन रहा है लेकिन ये भी कहा कि हिंदुत्व देवभूमि में नहीं होगा तो कहाँ होगा!

पुष्कर से पहले उत्तराखंड के किसी भी CM को चर्चित TV show `आप की अदालत’ में जाने का मौका नहीं मिला था.उन्होंने इस शो में कहा कि जब वह दूसरी बार विधायक बने और BJP की सरकार बनी तो मंत्री या MP बनने की उम्मीद कर रहे थे.निराशा हाथ लगती रही.PM मोदी पारखी हैं.मेरे जैसे सैनिक पुत्र-सामान्य कार्यकर्त्ता को उन्होंने CM बनाया.मुझे इसका रत्ती भर अहसास नहीं था.मुख्यमंत्री चयन (CM कुर्सी से तीरथ सिंह रावत के हटने के बाद) के लिए हो रहे विधायक दल की बैठक में मैं सबसे पीछे बैठा हुआ था.4 जुलाई-2021 को मैंने पहली बार शपथ ली और 3 जुलाई तक मुझे इसकी भनक तक नहीं थी.उत्तराखंड में हर विधानसभा चुनाव में सरकार बदलने की परिपाटी थी।

मोदी जी के नेतृत्व में मैंने इसको बदलने में सफलता पाई.पहली बार CM बनने पर पार्टी की सरकार वापिस लाने के बावजूद खुद के हार जाने का गम नहीं था.शुरू में जरूर कुछ झटका लगा.ये मानव स्वभाव होता है.जल्दी ही संतोष हुआ कि मुझे जो जिम्मेदारी मिली मैं वह पूरी करने में सफल रहा.BJP की सरकार फिर आ गई ।

CM की कुर्सी पर बैठने के बाद जब वह पहली दफा प्रधानमंत्री मोदी से मिले तो उसका भी अनुभव रोचक ढंग से साझा किया.उन्होंने कहा कि मुलाकात के लिए 15 मिनट का समय तय था.मैं तनाव में था कि प्रधानमंत्री न जाने किस योजना पर क्या पूछ लेंगे.किन योजनाओं पर बात करेंगे.मैं उनके आवास पर पहुंचा तो जो पहला दरवाजा खुला उसी कक्ष में वह थे.मेरे लिए ये अप्रत्याशित था.मैं उम्मीद कर रहा था कि कई दरवाजों के बाद उनसे मुलाकात होगी.उस वक्त कोरोना का दौर था.मैंने मास्क पहना हुआ था.मोदी जी को सामने मौजूद पा के उनकी तरफ देख तक नहीं पा रहा था.फिर उनकी आवाज आई कि मास्क उतारिये.उन्होंने मुझे अपने करीब बिठाया.फिर बातचीत की शुरुआत उन्होंने घर-परिवार की कुशल क्षेम पूछ के की।

पुष्कर ने कहा कि PM ने माहौल इतना सहज बना दिया कि मुलाकात फिर डेढ़ घंटे तक चली.बाद में वह कम बोल रहे थे और मैं ही अधिक बोल रहा था.मैं भूल गया कि मैं विश्व के सबसे बड़े नेता के सामने बैठा हूँ।

मैंने उनसे Time Management भी सीखा.UCC पर CM ने कहा कि संविधान के अनुच्छेद-44 में सभी को बराबरी से रहने और अनुच्छेद-342 में जनजातियों को उनके रहन-सहन के चलते छूट दी गई है.इस कानून में महिलाओं के साथ ही पुरुष-बच्चों और बुजुर्गों की सामाजिक सुरक्षा का भी ख्याल रखा है.UCC के बाद अब `शरियत’ नहीं चलेगी-समान नागरिक संहिता चलेगी.संविधान से चलेगा.हमारी इच्छा है कि पूरे देश में UCC लागू हो।
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड को हिंदुत्व की प्रयोगशाला कहना उचित नहीं लेकिन ये भी कहा कि हिंदुत्व अगर देवभूमि में नहीं होगा तो कहाँ होगा!मदरसों-मजारों के ध्वस्तीकरण पर आरोपों को ठुकराते हुआ कहा कि देवभूमि के स्वरुप को अतिक्रमण के चलते बदलने नहीं देंगे।

अतिक्रमण वन-PWD-राजस्व-सिंचाई भूमि पर हुए थे और उनको हटाया जा रहा है.हिंसा की शिकार बनभूलपुरा (हल्द्वानी) में भी अवैध अतिक्रमण को हटाने के दौरान पहले पुलिस और टीम पर हमला हुआ.मंदिर-मस्जिद-गुरुद्वारा पूज्य स्थल हैं लेकिन उनको बनाने का भी तो कोई स्थान तय होगा.उनका निर्माण कहीं भी नहीं कर सकते हैं।

उन्होंने कहा कि धार्मिक प्रतीकों को आगे रख के सरकारी भूमि पर अवैध कब्जों को कोई समर्थन नहीं देगा.Live-in Relationship पर कांग्रेस के शशि थरूर की आपत्ति पर PSD ने कहा कि ऐसे रिश्ते ख़त्म होने पर रजिस्ट्रेशन कराने की जरूरत नहीं होगी.सिर्फ सूचना देनी होगी.माता-पिता को पता रहे कि उनके बच्चे के साथ क्या हो रहा।

Court Marriage में माता-पिता को सूचना भेजने की व्यवस्था पहले से है.पुलिस और प्रशासन UCC-Live-in के चलते लोगों के साथ ज्यादती न कर सके, इसका भी बंदोबस्त करने के लिए Committee का गठन किया गया है.कानून का क्रियान्वयन आदर्श ढंग से होगा।

मुख्यमंत्री ने केंद्रीय उद्योग मंत्री से भेल हरिद्वार की अनुप्रयुक्त 492 एकड़ भूमि का स्वामित्व राज्य सरकार को सौंपने का किया अनुरोध,उत्तराखण्ड राज्य में निवेश को बढ़ावा देने के उद्देश्य से होगा भूमि का उपयोग: पुष्कर सिंह धामी



ऋषिकेश देहरादून दिल्ली 2 फरवरी।  मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने नई दिल्ली में केंद्रीय मंत्री भारी उद्योग डॉ० महेन्द्र नाथ पाण्डेय से भेंट कर उनसे भारत हेवी इलेक्ट्रिकल्स लिमिटेड, हरिद्वार के स्वामित्व की अनुप्रयुक्त 492 एकड़ भूमि का स्वामित्व उत्तराखण्ड सरकार को हस्तांतरित किए जाने का अनुरोध किया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखण्ड राज्य में निवेश को बढ़ावा देने के उद्देश्य से यह 457 एकड़ भूमि औद्योगिक विस्तार के लिए व 35 एकड़ भूमि मल्टी मॉडल लॉजिस्टिक पार्क (MMLP) स्थापित किये जाने के लिए राज्य सरकार को हस्तांतरित की जा सकती है।

मुख्यमंत्री ने औद्योगिक विकास के लिए केंद्र से मिल रहे सहयोग पर आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उत्तराखण्ड राज्य निवेश प्रोत्साहन तथा स्टार्ट अप क्षेत्र में निरंतर विकास कर रहा है।

भारत सरकार द्वारा निर्गत की जाने वाली रैंकिंग में उत्तराखण्ड लगातार उत्तम श्रेणी प्राप्त कर रहा है।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से की भेंट, बागेश्वर के प्रसिद्ध ताम्र शिल्प पर आधारित उत्पाद किए भेंट, पर्यटन, सड़क, बिजली समेत कई मुद्दों पर भी करी चर्चा



देहरादून दिल्ली 18 जनवरी। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी  से नई दिल्ली में भेंट की। पीएम को उन्होंने भेंट में बागेश्वर के प्रसिद्ध ताम्र शिल्प पर आधारित उत्पाद दिए ।

सीएम पुष्कर सिंह धामी इन दिनों दिल्ली के दौरे पर हैं। गुरुवार को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने पीएम को बागेश्वर के प्रसिद्ध ताम्र शिल्प पर आधारित उत्पाद भेंट किए। साथ ही ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट–2023 के दौरान निवेश की ग्राउंडिंग के लिए किए जा रहे विभिन्न कार्यों की विस्तृत जानकारी दी।

वहीं, सहकारिता से जुड़े सभी सदस्यों के परिवारों की आकस्मिक दुर्घटना की स्थिति में सुरक्षा के दृष्टिगत सहकारी किसान समृद्धि कार्ड योजना (नमो सहकारी कवच कार्ड) प्रारंभ करने के विषय में आदरणीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को अवगत कराया।

पीएम से मुलाकात के दौरान सीएम धामी ने पर्यटन, सड़क, बिजली समेत कई मुद्दों पर चर्चा की।

 

संसद हमले की 22वीं बरसी पर फिर से संसद सत्र के दौरान सुरक्षा में बड़ी सेंध, दो युवकों में दर्शन दीर्घा से कूदकर स्मोक स्टिक द्वारा धुंआ फैलाकर मचाई सनसनी, सदन के बाहर भी दो लोगों ने की नारेबाजी, चारों लोगों को पुलिस ने किया गिरफ्तार



नई दिल्ली 13 दिसंबर। 13 दिसंबर 2001 कोई संसद हमले के 22वीं बरसी पर फिर से संसद की सुरक्षा में बड़ी चूक का मामला सामने आया है। दो युवक लोकसभा की कार्यवाही के दौरान सदन में घुस गए। ये दोनों शख्स दर्शक दीर्घा से कूदे थे। इन्हें गिरफ्तार कर लिया गया है।

जब कूदे तो सांसदों को धुआं उठता दिखाई दिया। बताया जा रहा है कि जो दो लोग कार्यवाही के दौरान घुसे, उनमें एक का नाम सागर है। दोनों सांसद के नाम पर लोकसभा विजिटर पास पर आए थे।

मौके पर मौजूद सांसद ने कहा, कि अचानक दो लोग विजिटर गैलरी से लोकसभा में कूदे। दोनों की उम्र करीब 20 साल है। ये लोगो ने पीले रंग की गैस उड़ाई ।

दोनों में से एक व्यक्ति दौड़कर स्पीकर की चेयर के सामने पहुंच गया था। वे कोई नारे लगा रहे थे। आशंका है कि ये गैस जहरीली हो सकती है।

बताते चलें 13 दिसंबर 2001 के बाद ये फिर संसद की सुरक्षा में चूक का बड़ा मामला है।इसके अलावा सांसद सदन के बाहर भी एक महिला और एक युवक द्वारा नारेबाजी की जा रही थी जिनको पुलिस द्वारा गिरफ्तार कर लिया गया है

राजस्थान की कमान पहली बार के विधायक बने भजन लाल शर्मा के नाम,दीया कुमारी और प्रेम चंद्र बैरवा को उपमुख्यमंत्री , जबकि वासुदेव देवनानी स्पीकर



दिल्ली जयपुर 12 दिसंबर। राजस्थान के नए मुख्यमंत्री का ऐलान हो गया है। साथ ही दो उपमुख्यमंत्री और स्पीकर के नाम का भी ऐलान कर दिया गया है।

सांगानेर सीट से विधायक भजनलाल शर्मा को विधायक दल का नेता चुना गया है। प्रदेश कार्यालय में हुई विधायक दल की बैठक में भाजपा हाईकमान द्वारा तय किए गए नाम का ऐलान किया गया और उस नाम पर सभी की सहमति बन गई। भजनलाल शर्मा संघ पृष्ठभूमि से आते हैं। वे मूलत: भरतपुर के रहने वाले हैं।

फिलहाल वे प्रदेश महामंत्री के पद पर भी थे।दिल्ली से आए पर्यवेक्षकों ने विधायक दल की बैठक के बाद भजनलाल शर्मा का नाम तय कर लिया है।

भाजपा आलाकमान ने केंद्रीय मंत्री राजनाथ सिंह, विनोद तावड़े और सरोज पांडेय को राजस्थान का पर्यवेक्षक बनाया था। आज दोपहर तीनों नेता जयपुर पहुंचे, विधायकों संग बैठक की। आज दोपहर केंद्रीय मंत्री राजनाथ सिंह ने वसुंधरा राजे से वन टू वन मीटिंग की थी। उधर, बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा ने भी राजनाथ सिंह से फोन पर बात की थी।राजस्थान में सीएम के नाम के ऐलान के साथ ही दो डिप्टी सीएम के नाम का ऐलान भी हो गया है।

दीया कुमारी और प्रेम चंद्र बैरवा को उपमुख्यमंत्री बनाया जाएगा, जबकि वासुदेव देवनानी विधानसभा के स्पीकर होंगे।

महिलाओं के विरुद्ध अश्लील और अश्लील व अशोभनीय बयान देकर फंसे बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार यादव, देखिए वीडियो, ऐसा क्या कह दिया नीतीश कुमार यादव ने, महिलाओं के खिलाफ हुए बयान से पूरे देश में गरमाई राजनीति भाजपा ने लिया अड़े हाथो तो वहीं उत्तराखंड राज्य महिला आयोग अध्यक्ष कुसुम कंडवाल ने इस्तीफा मांगते हुए माफी मांगने की करी मांग



दिल्ली/ बिहार 8 नवंबर।  बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार यादव द्वारा बिहार विधानसभा में मंगलवार को जनसंख्या नियंत्रण पर बोलते हुए महिलाओं के प्रति अश्लील भाषा का प्रयोग करते हुए और गंदे और भद्दे इशारे करने के चलते हुए सुशासन बाबू कहे जाने वाले नीतीश कुमार यादव की पूरे देश में इस तरह की अश्लील और अश्वनीय भाषा के विरोध में पूरे देश में जहां राजनीतिक गरमा गई है।

वहीं उत्तराखंड राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष कुसुम कंडवाल ने भी इस बयान को अड़े हाथों लेते हुए बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार यादव से माफी मांगते हुए मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा मांगने की मांग की है।

मंगलवार को बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार द्वारा जनसंख्या नियंत्रण पर महिलाओं के लिए जो अपमानजनक शब्द प्रयोग किए गए वो अत्यंत शर्मनाक है। उन्होंने विधानसभा की गरिमा तथा मुख्यमंत्री पद को भी शर्मसार किया है।

आयोग की अध्यक्ष कुसुम कण्डवाल ने कहा कि महिला आयोग इस घटना की घोर निन्दा करता है।उन्होंने कहा कि नितिश कुमार द्वारा बिहार विधानसभा सदन के दौरान जनसंख्या पर रोकथाम विषय पर महिलाओं के लिए अश्लील व अशोभनीय भाषा का प्रयोग किया गया है। प्रदेश के मुख्यमंत्री द्वारा महिलाओं के प्रति इस तरह की भावना व बयान दिया जाना संवेदनहीन प्रतीत होता है। आयोग की अध्यक्ष ने कहा कि जहां एक ओर भारत देश महिला सशक्तिकरण की ओर नए आयाम स्थापित करते हुए आगे बढ़ रहा हैं, वहीं दूसरी ओर महिलाओं के विरूद्ध इस तरह के बयान महिला सुरक्षा के दृष्टिगत गम्भीर प्रश्नचिन्ह खड़ा करता है।महिला आयोग की अध्यक्ष ने कहा कि बिहार के मुख्यमंत्री का यह बयान लोकतंत्र का अपमान है और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को राष्ट्र की समस्त मातृशक्ति से माफी मांगते हुए तत्काल अपने पद को त्याग पत्र दे देना चाहिए।

वहीं उन्होंने राष्ट्रीय महिला आयोग की  माननीय अध्यक्ष से भी इसमें कार्यवाही करने के लिए निवेदन किया है और कहा कि समाज में महिलाओं के प्रति इस तरह की भावना महिला असुरक्षा एवं पुरूष की अभद्र मानसिकता को प्रदर्शित कर रहा है। महिलाओं के प्रति ऐसे कृत्यों को बर्दाश्त नहीं किया जाना चाहिए। इस सन्दर्भ में बिहार के मुख्यमंत्री नितिश कुमार को अपने पद से इस्तीफा देते हुए लिखित रूप में माफी मांगनी चाहिए।

50 से अधिक उद्योग समूहों के साथ आयोजित बैठक के बाद अब तक लगभग 94 हजार करोड़ के निवेश प्रस्तावों पर हो चुके करार : पुष्कर सिंह धामी



देहरादून दिल्ली 2 नवंबर। मुख्यमंत्री  Pushkar Singh Dhami ने अहमदाबाद में आयोजित रोड शो में प्रतिभाग करने के पश्चात नई दिल्ली में मीडिया से वार्ता करते हुए कहा कि उत्तराखण्ड ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट के तहत विभिन्न निवेशक समूहों के साथ बैठकें हुई है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि इन बैठकों में पर्यटन, स्वास्थ्य, शिक्षा, फार्मा, कृषि, एग्री, ऊर्जा, लॉजिस्टिक, इन्फ्रास्ट्रक्चर एवं हॉस्पिटैलिटी आदि के क्षेत्र में निवेशकों से करार हुए हैं। निवेशक उत्तराखण्ड में निवेश के प्रति काफी आकर्षित है।

उन्होंने कहा कि अभी अहमदाबाद में 50 से अधिक उद्योग समूहों के साथ आयोजित बैठक के बाद लगभग 24 हजार करोड़ रुपए के निवेश पर करार के साथ अब तक लगभग 94 हजार करोड़ के निवेश प्रस्तावों पर करार हो चुके है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारा प्रयास 08-09 दिसम्बर 2023 को देहरादून में प्रस्तावित इन्वेस्टर्स समिट तक प्राप्त सभी करारों को धरातल पर उतारने का है। उन्होंने कहा कि इस संबंध में जो भी सुझाव प्राप्त हुये हैं उन पर अमल किया जा रहा है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट की थीम को “पीस टू प्रोस्पेरिटी” रखा गया है। टूरिज्म, वेलनेस और हॉस्पिटैलिटी इंडस्ट्री के साथ-साथ उत्तराखण्ड में अनेक नए एवं गैर परंपरागत उद्योगों को विकसित किया जा रहा है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि निवेशकों में उत्तराखण्ड में निवेश के प्रति काफी उत्साह देखा गया है। राज्य में निवेश के लिए अनुकूल वातावरण होने के कारण इसकी अपार संभावनाएं हैं। राज्य के पर्वतीय क्षेत्रों में निवेश करने वालों के लिए और प्रोत्साहन दिया जायेगा।

उत्तराखण्ड ग्लोबल इन्वेस्टर समिट के तहत देश विदेश के विभिन्न निवेशक समूहों के साथ हुई बैठको में अब तक ₹54550 करोड़ के निवेश पर हुए करार : पुष्कर सिंह धामी



ऋषिकेश देहरादून नई दिल्ली 19 अक्टूबर। मुख्यमंत्री Pushkar Singh Dhami ने आज नई दिल्ली में मीडिया से वार्ता करते हुए कहा कि उत्तराखण्ड ग्लोबल इन्वेस्टर समिट के तहत पहले लंदन, बर्मिंघम, दिल्ली और अभी दुबई तथा अबू धाबी में विभिन्न निवेशक समूहों के साथ बैठकें हुई। जिसमें अब तक ₹54550 करोड़ के निवेश पर करार हुआ है।

उन्होंने कहा कि राज्य सरकार का प्रयास है कि 08-09 दिसम्बर 2023 को देहरादून में प्रस्तावित इन्वेस्टर्स समिट तक अभी तक हुए सभी करारों को धरातल पर उतारने का कार्य हो।

उन्होंने कहा कि निवेश के साथ-साथ स्थानीय लोगों को रोजगार उपलब्ध कराने और प्राथमिक सेक्टर को मजबूत बनाने वाले प्रस्तावों को प्राथमिकता के आधार पर प्रोत्साहित किया जायेगा।

सरकार ने जो नीतियां बनाई हैं वह निवेशकों, उद्योगों एवं स्थानीय लोगों के हितों को ध्यान में रखकर बनाई गई हैं।

उन्होंने बताया कि दो दिवसीय यूएई दौरे के दौरान कुल मिलाकर ₹15475 करोड़ के इन्वेस्टमेंट का एमओयू किए गए। जिसके तहत पहले दिन दुबई में ₹11925 करोड़ एवं दूसरे दिन अबू धाबी में ₹3550 करोड़ के एमओयू शामिल हैं।

मुख्यमंत्री के नेतृत्व में अब तक ₹54550 करोड़ के निवेश पर करार हुआ है, जिसमें यूएई में ₹15475 करोड़, ब्रिटेन में ₹12500 करोड़ एवं दिल्ली के कार्यक्रमों में ₹26,575 करोड़ के एमओयू किए जा चुके हैं।

यू.के. में आयोजित विभिन्न बैठकों में राज्य में लगभग 12,500 करोड़ रुपये से अधिक के निवेश प्रस्तावों पर करार किया: पुष्कर सिंह धामी, मुख्यमंत्री



नई दिल्ली/ देहरादून 29 सितंबर। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने ब्रिटेन दौरे से नई दिल्ली आगमन के बाद आज पत्रकार वार्ता में पत्रकार से बात करते हुए कहा कि यू.के. में आयोजित विभिन्न बैठकों में राज्य में लगभग 12,500 करोड़ रुपये से अधिक के निवेश प्रस्तावों पर करार हुआ। उन्होंने कहा कि अपने अप्रवासी भाई-बहनों और उत्तराखण्ड सरकार के बीच बेहतर सामंजस्य बनाने और उनके निवेश प्रस्तावों पर त्वरित कार्रवाई करने के लिए मुख्यमंत्री कार्यालय में एक अप्रवासी उत्तराखण्डी सेल बनाया जाएगा।

मुख्यमंत्री  धामी ने बताया कि ब्रिटेन के पर्यटन मंत्री के साथ उत्तराखण्ड और ब्रिटेन के बीच पर्यटकों की आवाजाही बढ़ाने के लिए कार्ययोजना बनाने पर भी सहमति बनी है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि फ्रांस के पोमा ग्रुप के साथ हुई बैठक में उत्तराखण्ड के पर्यटन क्षेत्रों और सुदूर क्षेत्रों को रोपवे द्वारा जोड़ने तथा जन परिवहन की दृष्टि से इस माध्यम को प्रयोग में लाने के लिए 2 हजार करोड़ रुपये का करार किया गया है।

उन्होंने बताया कि पोमा ग्रुप द्वारा राज्य में देश का पहला रोपवे मैन्युफैक्चरिंग पार्क विकसित किए जाने के संदर्भ में संभावनाएं तलाशने के लिए कार्य करने का भी प्रस्ताव दिया गया। उन्होंने कहा कि प्रदेश में केबल कार परिवहन व्यवस्था विकसित करने, औली, दयारा बुग्याल और मुनस्यारी में शीतकालीन खेलों को बढ़ावा देने हेतु विंटर स्पोर्ट्स डेस्टिनेशन विकसित किए जाने पर सहमति जताते हुए अमेरिका के के.एन. ग्रुप के साथ 4,800 करोड़ रुपये का निवेश करार किया गया। ब्रिटिश पार्लियामेंट के लार्ड मेयर और बर्मिंघम विश्वविद्यालय के कुलपति बिली मोरया के साथ हुई बैठक में उत्तराखण्ड में शिक्षा के क्षेत्र में निवेश की संभावनाओं के विषय में चर्चा की गई।

उनके द्वारा उत्तराखण्ड में एक सेंटर ऑफ एक्सीलेंस विकसित किए जाने के लिए सहमति जताई गई। उन्होंने कहा कि जर्मन एंबेसी के अधिकारियों के साथ बैठक में जर्मनी द्वारा तकनीकी शिक्षा तथा कौशल विकास के संबंध में उत्तराखण्ड को सहयोग देने के साथ-साथ हमारे कुशल कर्मकारों को जर्मनी में कार्य करने को बुलाने के संबंध में विस्तृत चर्चा हुई।

लंदन नगर निगम के लार्ड मेयर के साथ उत्तराखण्ड के आधारभूत ढांचे को विकसित करने के लिए वित्तीय व्यवस्था के संबंध में बॉन्ड मार्केट से फंड रेज्ड करने के लिए तकनीकी सहयोग के लिए भी बैठक हुई।

ग्लोबल इन्वेस्टर सब्मिट में मुख्यमंत्री ने बतौर मुख्य अतिथि किया प्रतिभाग, ₹7600 करोड़ के निवेश प्रस्ताव को उत्तराखण्ड सरकार के साथ एमओयू किए, राज्य के उद्यमी ही हमारे ब्राण्ड एम्बेसडर हैं और राज्य में निवेश बढ़ाने में उनकी सबसे अधिक सहभागिता है : पुष्कर सिंह धामी



देहरादून दिल्ली 14 सितंबर। दिसम्बर माह में आयोजित होने वाले #globalinvesterssummit को लेकर आज नई दिल्ली स्थित होटल ताजमहल में कर्टेन रेजर कार्यक्रम आयोजित किया गया।

कार्यक्रम में उत्तराखण्ड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बतौर मुख्य अतिथि प्रतिभाग किया। इस अवसर पर ITC ने ₹5000 करोड़ के निवेश का प्रस्ताव उत्तराखण्ड सरकार को दिया। महिन्द्रा हॉलीडेज एण्ड रिसोर्ट इण्डिया लिमिटेड के साथ ₹1000 करोड़ और #eKuber के साथ ₹1600 करोड़ के निवेश का MoU किया गया। महिन्द्रा हॉलीडेज एण्ड रिसोर्ट इण्डिया लिमिटेड उत्तराखण्ड में अगले तीन महीने में ₹1000 करोड़ के निवेश के साथ विभिन्न स्थानों पर 45 रिजोर्ट स्थापित करने जा रहा है। इससे 1500 लोगों के लिए रोजगार के अवसर खुलेंगे। पूरे देश में यह महिन्द्रा हॉलीडेज एण्ड रिसोर्ट इण्डिया लिमिटेड का किसी भी राज्य में सबसे बड़ा निवेश है।

मुख्यमंत्री ने डेस्टिनेशन उत्तराखण्ड-ग्लोबल इनवेस्टर्स समिट-2023 के बारे में बताया कि उत्तराखण्ड एक युवा राज्य के रूप में तेजी से उभर रहा है, जहां उद्योगों के लिए अपार संभावनाएं हैं। राज्य में ईज आफ डूइंग बिजनेस के साथ-साथ पीस आफ डूइंग बिजनेस भी है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में विभिन्न क्षेत्रों में निवेश को बढ़ावा देने के लिए पर्यटन नीति-2023, एमएसएमई नीति-2023, स्टार्टअप नीति-2023, लॉजिस्टिक्स नीति-2023, निजी औद्योगिक आस्थानों की स्थापना हेतु नीति-2023 लागू की गई है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य की आर्थिकी को सुदृढ़ करने के लिए सशक्त उत्तराखण्ड मिशन लॉन्च किया गया है, जिसके तहत अगले 5 वर्षों में राज्य की एसजीडीपी को दोगुना करने का लक्ष्य रखा गया है। इसी कड़ी में इनवेस्टर्स समिट-2023 का आयोजन किया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य के उद्यमी ही हमारे ब्राण्ड एम्बेसडर हैं और राज्य में निवेश बढ़ाने में उनकी सबसे अधिक सहभागिता है। हमारी सरकार सरलीकरण, समाधान, निस्तारण और संतुष्टि के आधार पर कार्य कर रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में पर्यटकों एवं श्रद्वालुओं की सुविधा हेतु सभी स्थलों पर नवाचार के माध्यम से सुविधाओं का विकास किया जा रहा है। निर्यात को बढ़ावा देने के लिए भी नीति निर्धारित की गई है। उन्होंने कहा कि देवभूमि में कर्म करना हम सबका सौभाग्य है। राज्य का वातावरण पूर्णतः उद्यमियों के अनुकूल है। उत्तराखण्ड का 71 प्रतिशत भू-भाग वनों से आच्छादित हैं। हेल्थ वेलनेस के साथ ऊर्जा का भी यह स्रोत है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखण्ड ने राज्य में उत्पादित/निर्मित 09 उत्पादों ने जीआई टैग हासिल किये हैं। इन जीआई टैगों में कुमाऊँ ब्यूरो ऑयल, मुनस्यारी राजमा भोटिया दन, एपण रिंगाल, ताम्र उत्पाद, धुलमा, तेजपत्ता तथा बासमती चावल शामिल हैं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार द्वारा नेटल (बिच्छू घास), पिछौड़ा, आर्टिस्टिक कैण्डल मुखौटा एवं मन्दिर प्रतिकृत आदि कुछ अन्य उत्पादों में जीआई टैग के लिए आवेदन किया गया है।उन्होंने कहा कि उद्योग संवर्द्धन और आन्तरिक व्यापार विभाग की ‘ईज आफ डूईंग बिजनेस’ रैंकिंग में वर्ष 2022 की रैंकिंग में उत्तराखण्ड राज्य एचीवर्स श्रेणी में (8वें स्थान पर) शामिल है। जबकि नीति आयोग द्वारा जारी वर्ष 2022 के निर्यात तैयारी सूचकांक में उत्तराखण्ड राज्य हिमालयी राज्यों में प्रथम स्थान पर, जबकि देश में 9वें स्थान पर है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि उद्योग संवर्द्धन और आन्तरिक व्यापार विभाग की LEADS की वर्ष 2022 की रैंकिंग में उत्तराखण्ड राज्य एचीवर्स श्रेणी में शामिल है। इसी प्रकार स्टार्टअप रैंकिंग में ‘लीडर’ श्रेणी में शामिल है। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में निवेश प्रोत्साहन एवं संवर्द्धन हेतु उद्योग निदेशालय स्तर पर एक समर्पित इन्वेस्टर फैसिलिटेशन सेल की स्थापना की है, जो निवेशकों / व्यवसायियों के लिये ‘वन स्टॉप शॉप’ के रूप में डेडीकेटेड हैण्डहोल्डिंग सपोर्ट उपलबध करा रहा है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि ₹5 करोड़ से अधिक के पूंजी निवेश करने वाले उद्यमियों के लिए एक डेडीकेटेड रिलेशनशिप मैनेजर की सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है। अपेक्षित अनुमोदन/अनुज्ञा/स्वीकृति हेतु राज्य में ऑनलाइन सिंगल विण्डो क्लीयरेंस पोर्टल www.investuttarakhand.uk.gov.in की स्थापना की गई है। इस अवसर पर मुख्य सचिव डॉ. एस.एस. संधु, अपर मुख्य सचिव  राधा रतूड़ी सहित अन्य अधिकारीगण भी उपस्थित रहे।