Advertisement

वेंडिंग कार्ट के दुरुपयोग पर सख्ती, जरूरतमंद वेंडरों को ही मिलेगा लाभ,कार्ट बेचने या दूसरे को सौंपने पर आवंटन होगा निरस्त, सड़क पर ठेला छोड़ने वालों पर भी होगी कार्रवाई


वेंडिंग कार्ट के दुरुपयोग पर सख्ती, जरूरतमंद वेंडरों को ही मिलेगा लाभ,कार्ट बेचने या दूसरे को सौंपने पर आवंटन होगा निरस्त, सड़क पर ठेला छोड़ने वालों पर भी होगी कार्रवाई

ऋषिकेश, 24 अगस्त। नगर निगम ऋषिकेश में वेंडिंग व्यवस्था को व्यवस्थित करने और स्ट्रीट वेंडरों के लिए निर्धारित नियमों के प्रभावी पालन को लेकर सोमवार को महापौर कार्यालय कक्ष में टाउन वेंडिंग कमेटी की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में आगामी कुंभ मेले के मद्देनजर शहर की स्वच्छता, यातायात व्यवस्था, वेंडिंग जोन के संचालन और सार्वजनिक मार्गों को अतिक्रमण मुक्त रखने पर विस्तार से चर्चा हुई।

इस मौके पर महापौर शम्भू पासवान ने स्पष्ट किया कि वेंडिंग कार्ट का लाभ केवल वास्तविक, पात्र और जरूरतमंद स्ट्रीट वेंडरों को ही दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि यदि किसी वेंडर ने आवंटित कार्ट को बेचने, किराए पर देने अथवा किसी अन्य व्यक्ति को हस्तांतरित करने का प्रयास किया तो उसका आवंटन तत्काल निरस्त कर दिया जाएगा। ऐसे वेंडर को भविष्य में दोबारा वेंडिंग कार्ट आवंटित नहीं किया जाएगा।

महापौर ने निर्देश दिए कि जिस व्यक्ति के नाम पर कार्ट स्वीकृत है, उसका संचालन भी उसी व्यक्ति द्वारा किया जाएगा। कार्ट का इस्तेमाल केवल स्वीकृत व्यवसाय के लिए ही किया जा सकेगा। कार्ट को किसी अन्य व्यक्ति को सौंपना या निर्धारित उद्देश्य से अलग उपयोग करना प्रतिबंधित रहेगा। नियमों का उल्लंघन मिलने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

बैठक में यातायात व्यवस्था को लेकर भी सख्त निर्णय लिए गए। तय किया गया कि वेंडर कारोबार समाप्त होने के बाद अपना ठेला सड़क पर या सड़क किनारे बांधकर नहीं छोड़ सकेंगे। इससे यातायात बाधित होने या सार्वजनिक मार्ग पर अतिक्रमण की स्थिति बनने पर संबंधित वेंडर के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। बिना वैध ट्रेड लाइसेंस के व्यवसाय करने की अनुमति भी नहीं होगी।

 वेंडिंग कार्ट के संचालन में महिला स्वयं सहायता समूहों को सहयोग एवं प्राथमिकता देने पर विचार किया गया, जिससे स्थानीय महिलाओं को स्वरोजगार के अवसर मिल सकें और वे आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बन सकें।

आगामी कुंभ मेले को देखते हुए नगर की स्वच्छता, सुंदरता और यातायात व्यवस्था बनाए रखने के लिए सभी वेंडरों से नगर निगम और प्रशासन का सहयोग करने की अपील की गई। 

महापौर ने कहा कि ऋषिकेश अंतरराष्ट्रीय पर्यटन एवं आध्यात्मिक नगरी है। कुंभ के दौरान देश-विदेश से बड़ी संख्या में श्रद्धालु और पर्यटक यहां पहुंचेंगे, ऐसे में वेंडिंग व्यवस्था को स्वच्छ, अनुशासित और व्यवस्थित रखना जरूरी है।

बैठक में वेंडरों से लिए जाने वाले दैनिक शुल्क की दरें भी निर्धारित की गईं। इसके तहत ठेले के लिए 20 रुपये प्रतिदिन और वेंडिंग कार्ट के लिए 50 रुपये प्रतिदिन शुल्क निर्धारित किया गया।

महापौर शम्भू पासवान ने कहा कि नगर निगम का उद्देश्य किसी वेंडर की आजीविका प्रभावित करना नहीं, बल्कि उन्हें व्यवस्थित स्थान और बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना है। उन्होंने कहा कि यातायात, स्वच्छता और सार्वजनिक हित के बीच संतुलन बनाते हुए वेंडरों को व्यवस्थित करने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने सभी वेंडरों से नियमों का पालन करते हुए नगर निगम की व्यवस्थाओं में सहयोग करने की अपील की।

बैठक में नगर आयुक्त विजय नाथ शुक्ल, सहायक नगर आयुक्त चन्द्रकान्त भट्ट, अधिशासी अभियंता अनिल नेगी, सिटी मिशन मैनेजर वरुण मल्होत्रा, यातायात निरीक्षक प्रदीप कुमार, कर निरीक्षक यशवीर सिंह, नामित चिकित्सा प्रतिनिधि बी.पी. भट्ट सहित स्वयं सहायता समूहों की प्रतिनिधि सुलोचना धपलियाल, ज्योति डे, मोनिका मित्तल, रजनी, सुनीता, रश्मि, देवादित्य, दीपा विजाला, हेमलता चौहान, अनीता रावत, मधु पुरोहित, कविता, मंजू व उषा देवी तथा वेंडर प्रतिनिधि शैलेंद्र गुप्ता, ज्ञान प्रकाश, गुड्डू गुप्ता, सुनील कुमार, कुन्दन कुमार एवं राजेश कुमार शर्मा उपस्थित रहे।


Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *